फ़र्रुखाबादी विजेता (184) : सुश्री सीमा गुप्ता

नमस्कार बहनों और भाईयो. रामप्यारी पहेली कमेटी की तरफ़ से मैं समीरलाल "समीर" यानि कि "उडनतश्तरी" फ़र्रुखाबादी सवाल का जवाब देने के लिये आचार्यश्री यानि कि हीरामन "अंकशाश्त्री" जी को निमंत्रित करता हूं कि वो आये और रिजल्ट बतायें.

प्यारे साथियों, मैं आचार्य हीरामन "अंकशाश्त्री" आपका हार्दिक स्वागत करता हूं और रामप्यारी पहेली कमेटी का भी शुक्रिया अदा करता हूं कि उन्होने मुझे इस काबिल समझा और यह सौभाग्य मुझे प्रदान किया. इससे पहले की मैं आपको रिजल्ट बताऊं आप सवाल का मूल चित्र नीचे देख लिजिये जिससे की यह सवाल का चित्र लिया गया था. नीचे की दोनो फ़ोटो Fatima Moreira de Melo की हैं. ज्यादा जानकारी आप यहां चटका लगाकर ले सकते हैं.



Fatima Moreira de Melo LL.M. (born 4 July 1978 in Rotterdam, Zuid-Holland) is a Dutch field hockey player. She has played 191[1] international matches for the Dutch national team, where she has scored 30 times. Her debut match was on 21 October 1997 against Germany which ended in a 2-1 victory for The Netherlands. She plays on the position of striker. In the Dutch national competition she has played for Tempo ‘34, HGC and HC Rotterdam. She was part of the Dutch squad that became World Champion at the 2006 Women’s Hockey World Cup and which won the 2007 Champions Trophy.
Besides playing field hockey she also studied law and has presented tv programs for both local and national tv stations. She also has a career as a singer. She performed the theme song for the International Hockey Federation’s International Year of the Youth at the closing of the 2001 Men’s World Cup Hockey Qualifier in Edinburgh. Her father is a Portuguese diplomat for Holland. Her boyfriend is pro-tennis player Raemon Sluiter. She obtained a Masters Degree in Law in 2006. In December 2006 she became Rotterdam Sportswoman of the Year and became the new face of the Rabobank in their Dutch tv-advertisements.


और आज की विजेता हैं : सुश्री सीमा गुप्ता
बधाई !

seema gupta said...
fatima demalo holland hockey. Regards

27 January 2010 20:32


और रिकार्ड के मुताबिक श्री मकरंद ने बिल्कुल सही लिंक दिया पर वो सीमाजी के जवाब को देखकर सर्च कर लाया. लिंक देने के जुर्म मे और उसकी फ़ितरत के मुताबिक उस पर आज ५१ टिप्पणियों का जुर्माना लगाया जाता है. जिसे आज पहेली न, १८५ मे जमा करवा कर रसीद प्राप्त करे.
और यह ताकीद की जाती है कि आगे भी अगर उसने लिंक दिये तो सजा बामशक्कत की जा सकती है.

इसके बाद सही जवाब दिया प. डी.के. शर्मा "वत्स",
ने. बधाई!

सभी प्रतिभागियों को उत्साह वर्धन के लिये धन्यवाद!

अगला फ़र्रुखाबादी सवाल आज शाम को ठीक ६ बजे और अब आचार्य हीरामन "अंकशाश्त्री" को इजाजत दिजिये! नमस्ते.


Promoted By : लतश एवम शिल्कर, धन्यवादको

5 comments:

  Murari Pareek

28 January 2010 at 10:29

seemaji ko badhaai! makrand ke liye afsosh hai!!!

  पं.डी.के.शर्मा"वत्स"

28 January 2010 at 16:49

सीमा जी को बधाई....
हमें तो लगता है अब समय आ गया है कि समीर जी को आयोजक के पद से मुक्त करके उनका कार्यभार सीमा जी को सौंप दिया जाना चाहिए :)

  दिगम्बर नासवा

28 January 2010 at 18:27

Bhaiya ham bhi to ahi jawaab diye the ... hamaara naam kaahe nahi hai ....

Chalo seema ji aut pundit ji ko badhaai ......

  Rekhaa Prahalad

28 January 2010 at 18:36

सीमा जी को बधाई!

  Udan Tashtari

29 January 2010 at 08:06

सीमा जी को बधाई..

ha ha!!

regards

Followers